उत्तर कोरिया और दक्षिण कोरिया के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। शनिवार को उत्तर कोरिया ने एक साथ करीब 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागकर पूरी दुनिया को चौंका दिया। यह मिसाइल परीक्षण ऐसे समय में किया गया है जब दक्षिण कोरिया और अमेरिका मिलकर अपना वार्षिक संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘फ्रीडम शील्ड’ (Freedom Shield) कर रहे हैं
प्रमुख बातें:
कहाँ से हुआ हमला: दक्षिण कोरिया के जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ (JCS) के अनुसार, ये मिसाइलें उत्तर कोरिया की राजधानी प्योंगयांग के पास सुनन इलाके से दागी गईं।
मिसाइलों की मारक क्षमता: इन मिसाइलों ने समुद्र में गिरने से पहले लगभग 350 किलोमीटर की दूरी तय की। जापान के रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की है कि ये मिसाइलें उनके विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) के बाहर गिरी हैं।
तीसरा बड़ा परीक्षण: इस साल उत्तर कोरिया का यह तीसरा बड़ा बैलिस्टिक मिसाइल परीक्षण है।
क्यों भड़का है उत्तर कोरिया?
उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग उन की बहन, किम यो जोंग ने हाल ही में चेतावनी दी थी कि अगर अमेरिका और दक्षिण कोरिया अपना सैन्य अभ्यास बंद नहीं करते, तो इसके “भयानक परिणाम” होंगे। उत्तर कोरिया इन अभ्यासों को हमले की तैयारी (Invasion Rehearsal) मानता है, जबकि अमेरिका इसे केवल रक्षात्मक अभ्यास बताता है।
बढ़ता वैश्विक तनाव
यह घटना तब हुई है जब दुनिया का ध्यान पहले से ही मिडिल ईस्ट के संघर्षों पर है। जानकारों का मानना है कि उत्तर कोरिया इस स्थिति का फायदा उठाकर अपनी सैन्य शक्ति का प्रदर्शन कर रहा है। दक्षिण कोरिया की सेना अब हाई अलर्ट पर है और अमेरिका व जापान के साथ मिलकर स्थिति पर पैनी नजर रख रही है।
आगे क्या हो सकता है?
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि उत्तर कोरिया आने वाले दिनों में और भी घातक मिसाइल परीक्षण कर सकता है, जिसमें लंबी दूरी की इंटरकांटिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइलें (ICBM) शामिल हो सकती हैं। संयुक्त राष्ट्र (UN) इस मुद्दे पर जल्द ही आपातकालीन बैठक बुला सकता है, क्योंकि उत्तर कोरिया पर पहले से ही कई कड़े प्रतिबंध लागू हैं।